रायगढ़: जिले में अपराधियों और फरार आरोपियों की धरपकड़ के लिए चलाए जा रहे “ऑपरेशन क्लीन हंट” के तहत रायगढ़ पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। धरमजयगढ़ पुलिस ने एक 17 वर्षीय बालिका की मानव तस्करी के मामले में लगभग चार वर्ष से फरार चल रहे मुख्य साजिशकर्ता रामा चौहान को जशपुर जिले से गिरफ्तार कर लिया है। पकड़े गए आरोपी को न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) श्री शशि मोहन सिंह के कड़े दिशा-निर्देशों के बाद जिले भर में लंबित मामलों के आरोपियों की सरगर्मी से तलाश की जा रही है, जिसका असर इस बड़ी गिरफ्तारी के रूप में सामने आया है।
क्या था पूरा मामला?
यह मामला वर्ष 2022 का है। 28 जून 2022 को थाना धरमजयगढ़ में एक पिता ने अपनी 17 वर्षीय बेटी की गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
गुमशुदगी: रिपोर्ट के मुताबिक, बालिका 23 जून 2022 की शाम को घर से बिना बताए कहीं चली गई थी। परिजनों की काफी खोजबीन के बाद भी जब उसका पता नहीं चला, तो किसी अज्ञात व्यक्ति द्वारा उसे बहला-फुसलाकर ले जाने की आशंका जताते हुए मामला दर्ज कराया गया।

रेस्क्यू: मामले की विवेचना के दौरान अपहृत बालिका को रेलवे सुरक्षा बल (RPF) ने मध्यप्रदेश के अनूपपुर में एक ट्रेन से दो संदिग्धों—हीरालाल चौहान और देवलाल तिग्गा के साथ बरामद किया। सूचना मिलते ही धरमजयगढ़ पुलिस ने बालिका को सुरक्षित अपने संरक्षण में ले लिया।
20,000 रुपये में राजस्थान में बेचने की थी साजिश
पुलिस की पूछताछ और जांच में एक बेहद खौफनाक साजिश का पर्दाफाश हुआ। आरोपियों ने स्वीकार किया कि उन्होंने अपने अन्य साथियों रामपाल यादव और रामा चौहान के साथ मिलकर एक योजना बनाई थी। वे नाबालिग को शादी का झांसा देकर राजस्थान ले जा रहे थे, जहां उसे महज ₹20,000 में बेचने का सौदा तय किया गया था। साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने मामले में मानव तस्करी सहित IPC की कई गंभीर धाराएं (343, 365, 370, 370 ए, 120 बी) जोड़ीं।
3 आरोपी पहले ही जा चुके थे जेल, रामा था फरार
इस गंभीर प्रकरण में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए वर्ष 2022 में ही तीन आरोपियों (हीरालाल चौहान, देवलाल तिग्गा और रामपाल यादव) को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। लेकिन चौथा आरोपी रामा चौहान पुलिस को चकमा देकर फरार हो गया था। पुलिस ने उसके खिलाफ धारा 173(8) CrPC के तहत न्यायालय में चालान भी पेश कर दिया था।
गृहग्राम जोराडोल में पुलिस की दबिश
“ऑपरेशन क्लीन हंट” के तहत धरमजयगढ़ पुलिस को मुखबिर से पुख्ता सूचना मिली कि फरार आरोपी रामा चौहान जशपुर जिले के अपने गृहग्राम जोराडोल में छिपा हुआ है।
सूचना मिलते ही थाना प्रभारी निरीक्षक राजेश जांगड़े के नेतृत्व में पुलिस टीम ने जोराडोल में दबिश दी और आरोपी को रंगे हाथों दबोच लिया।
गिरफ्तार आरोपी का विवरण: रामा चौहान (35 वर्ष), पिता शिवनंदन चौहान, निवासी ग्राम जोराडोल, थाना पत्थलगांव, जिला जशपुर।
पूछताछ में आरोपी ने अपना जुर्म कबूल कर लिया है, जिसके बाद उसे न्यायालय में पेश कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया।
इनकी रही अहम भूमिका
इस पूरी कार्रवाई में एसएसपी श्री शशि मोहन सिंह और एडिशनल एसपी श्री अनिल सोनी का मार्गदर्शन, तथा एसडीओपी धरमजयगढ़ श्री सिद्दांत तिवारी का सुपरविजन रहा। जमीनी स्तर पर थाना प्रभारी निरीक्षक राजेश जांगड़े, एएसआई मंजु मिश्रा, महिला आरक्षक सोनम भगत और आरक्षक अलेक्सियुस एक्का ने उत्कृष्ट कार्य किया।
एसएसपी श्री शशि मोहन सिंह का कड़ा संदेश: “मानव तस्करी जैसे जघन्य अपराधों में शामिल किसी भी आरोपी को कानून से बचने नहीं दिया जाएगा। ‘ऑपरेशन क्लीन हंट’ के तहत वर्षों से फरार अपराधियों की भी लगातार तलाश कर उन्हें गिरफ्तार किया जा रहा है। रायगढ़ पुलिस ऐसे अपराधों के विरुद्ध पूरी गंभीरता और कठोरता से अपनी कार्रवाई जारी रखेगी।”







