महासमुंद। दिव्यांगजनों को आत्मनिर्भर और सुगम जीवन उपलब्ध कराने की दिशा में महासमुंद जिले में गुरुवार को निःशुल्क सहायक उपकरण वितरण शिविर का आयोजन किया गया। जिला प्रशासन एवं समाज कल्याण विभाग के समन्वय से डॉ. भीमराव अंबेडकर मांगलिक भवन, बागबाहरा रोड में आयोजित इस शिविर में महासमुंद और बागबाहरा विकासखंड के 88 दिव्यांगजनों को कुल 135 निःशुल्क सहायक उपकरण वितरित किए गए। यह शिविर एग्रीकल्चर इंश्योरेंस कंपनी ऑफ इंडिया लिमिटेड की कॉर्पोरेट सामाजिक दायित्व (CSR) योजना के तहत भारतीय कृत्रिम अंग निर्माण निगम (एलिम्को), जबलपुर के सहयोग से आयोजित किया गया।
कार्यक्रम में जनपद पंचायत महासमुंद की अध्यक्ष श्रीमती दिशा रामस्वरूप दीवान और उपाध्यक्ष श्रीमती हुलसी चंद्राकर ने दिव्यांगजनों को सहायक उपकरण प्रदान करते हुए उनके बेहतर भविष्य और आत्मनिर्भर जीवन की शुभकामनाएं दीं। इस अवसर पर कलेक्टर विनय कुमार लंगेह तथा जिला पंचायत की मुख्य कार्यपालन अधिकारी सुश्री अनुपमा आनंद भी मौजूद रहीं। कार्यक्रम के दौरान उपस्थित जनप्रतिनिधियों एवं अधिकारियों ने सभी प्रतिभागियों को नशामुक्ति की शपथ भी दिलाई और समाज को नशामुक्त बनाने का संदेश दिया।
शिविर में महासमुंद विकासखंड के 67 दिव्यांगजनों को बैटरी चालित ट्राइसाइकिल, व्हीलचेयर, श्रवण यंत्र, ट्राइसाइकिल, वॉकिंग स्टिक, सुगम्य केन तथा टीएलएम किट वितरित किए गए। वहीं बागबाहरा विकासखंड के 21 दिव्यांगजनों को बैटरी चालित ट्राइसाइकिल, व्हीलचेयर, श्रवण यंत्र, ट्राइसाइकिल, वॉकिंग स्टिक, स्मार्टफोन और टीएलएम किट प्रदान किए गए। इस प्रकार दोनों विकासखंडों के कुल 88 हितग्राहियों को 135 सहायक उपकरण निःशुल्क उपलब्ध कराए गए।
उल्लेखनीय है कि उपकरण वितरण से पहले जिले में मूल्यांकन एवं चिन्हांकन शिविर आयोजित कर पात्र दिव्यांगजनों का चयन किया गया था। कार्यक्रम में समाज कल्याण विभाग की उप संचालक श्रीमती संगीता सिंह, एलिम्को जबलपुर के अधिकारी, एग्रीकल्चर इंश्योरेंस कंपनी के प्रतिनिधि तथा समाज कल्याण विभाग के अधिकारी-कर्मचारी भी उपस्थित रहे। जिला प्रशासन का कहना है कि इस पहल का उद्देश्य दिव्यांगजनों को आवश्यक सहायक उपकरण उपलब्ध कराकर उन्हें आत्मनिर्भर बनाना और समाज की मुख्यधारा से जोड़ना है।





