गरियाबंद। जिले में कानून-व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने तथा संदिग्ध गतिविधियों पर प्रभावी निगरानी रखने के उद्देश्य से गरियाबंद पुलिस द्वारा किरायेदारों एवं बाहरी नागरिकों के सत्यापन के लिए विशेष अभियान चलाया गया। इस अभियान के तहत पुलिस की छह टीमों ने नगर क्षेत्र में घर-घर पहुंचकर भौतिक सत्यापन किया और किरायेदारों से संबंधित जानकारी एकत्रित की।

जिला मुख्यालय होने के कारण गरियाबंद में विभिन्न विभागों के अधिकारी-कर्मचारी निवासरत हैं। इसके अलावा रोजगार और व्यवसाय की तलाश में बड़ी संख्या में बाहरी लोग भी यहां किराये के मकानों में रहते हैं। ऐसे में बाहरी व्यक्तियों की गतिविधियों तथा उनके आपराधिक रिकॉर्ड की जानकारी रखना सुरक्षा की दृष्टि से आवश्यक माना जाता है।
पुलिस अधीक्षक वेदव्रत सिरमौर (भा.पु.से.) के निर्देश पर 14 जून 2026 को थाना सिटी कोतवाली क्षेत्र के ग्राम दर्रापारा (केशोडार) में विशेष सत्यापन अभियान चलाया गया। अभियान के दौरान छह पुलिस टीमों ने कुल 105 घरों में जाकर निवासरत लोगों का भौतिक सत्यापन किया। साथ ही मकान मालिकों से किरायेदारों की विस्तृत जानकारी प्राप्त कर निर्धारित प्रपत्र में दर्ज की गई।

पुलिस द्वारा सत्यापन के दौरान संदिग्ध व्यक्तियों पर विशेष नजर रखी जा रही है। बाहरी लोगों के मूल निवास क्षेत्रों के संबंधित थानों से उनके पूर्व आपराधिक रिकॉर्ड की जानकारी भी जुटाई जा रही है, ताकि किसी भी प्रकार की आपराधिक गतिविधि को समय रहते रोका जा सके।
अभियान के दौरान मकान मालिकों को “समाधान ऐप” के बारे में भी जानकारी दी गई। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि इस ऐप के माध्यम से किरायेदारों का ऑनलाइन सत्यापन कराया जा सकता है, जिससे प्रक्रिया सरल और पारदर्शी बनती है। मकान मालिकों को ऐप का उपयोग कर अपने किरायेदारों का सत्यापन कराने के लिए प्रेरित किया गया।
पुलिस अधीक्षक वेदव्रत सिरमौर ने कहा कि जिले में इस प्रकार के सघन सत्यापन अभियान आगे भी लगातार जारी रहेंगे। उन्होंने नगरवासियों से अपील की कि वे किरायेदारों का अनिवार्य रूप से सत्यापन कराएं और पुलिस प्रशासन को सहयोग दें, ताकि जिले में शांति, सुरक्षा और कानून-व्यवस्था को मजबूत बनाया जा सके।
गरियाबंद पुलिस की यह पहल नागरिक सुरक्षा के प्रति उसकी प्रतिबद्धता को दर्शाती है और भविष्य में अपराध नियंत्रण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने की उम्मीद है।





