शिक्षा, सामाजिक-आर्थिक विकास और विस्थापन-पुनर्वास के मुद्दों पर हुई चर्चा; समाज को संगठित रहने का किया गया आह्वान
मैनपुर। अखिल भारतीय अमात गोंड़ समाज भाठीगढ़ राज के तत्वावधान में सर्कल मचका अंतर्गत ग्राम बेलरबाहरा में नवाखाई ठाकुर जोहारनी मिलन समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में 13 सर्कल के 80 गांवों से मातृशक्ति, पितृशक्ति, युवाशक्ति और युवती शक्ति के प्रतिनिधियों ने भाग लिया। समारोह की शुरुआत आदिशक्ति बड़ादेव की पूजा-अर्चना के साथ हुई। इस दौरान सामाजिक एकता, आर्थिक विकास, बच्चों की शिक्षा और क्षेत्र में प्रस्तावित विस्थापन-पुनर्वास जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा की गई।
शिक्षा और सामाजिक एकता पर जोर
समारोह में समाज के सर्वांगीण विकास के लिए शिक्षा को महत्वपूर्ण आधार बताया गया। वक्ताओं ने बच्चों की पढ़ाई पर विशेष ध्यान देने, नई पीढ़ी को शिक्षित बनाने और समाज के लोगों को आपसी एकजुटता के साथ आगे बढ़ने की अपील की। सामाजिक और आर्थिक विकास के लिए सामूहिक प्रयासों की आवश्यकता पर भी जोर दिया गया।
विस्थापन-पुनर्वास के मुद्दे पर जताई चिंता
कार्यक्रम में उदंती-सीतानदी क्षेत्र में अभयारण्य और टाइगर रिजर्व के नाम पर विस्थापन से जुड़े मुद्दों पर भी चर्चा हुई। वक्ताओं ने कहा कि क्षेत्र पांचवीं अनुसूची के अंतर्गत आता है और यहां पेसा कानून लागू है। ऐसे में ग्रामसभा के अधिकारों और स्थानीय समुदायों की सहमति को महत्व दिया जाना चाहिए।
विस्थापन को लेकर क्षेत्र में सामने आ रही चर्चाओं के बीच समाजजनों ने लोगों से संगठित रहने और अपने संवैधानिक अधिकारों के प्रति जागरूक होने की अपील की। वक्ताओं ने कहा कि विस्थापन और पुनर्वास से जुड़े किसी भी निर्णय में प्रभावित ग्रामीणों के हितों, ग्रामसभा की भूमिका और पुनर्वास की शर्तों पर गंभीरता से विचार किया जाना जरूरी है।
समाज के पदाधिकारी और सगा जन हुए शामिल
कार्यक्रम में सभापति के रूप में कन्हैयालाल ठाकुर, उपसभापति प्रेमसाय जगत तथा अध्यक्षता गुजरात सिंह कमलेश ने की। इसके अलावा 13 सर्कल के अध्यक्षों सहित खेदुराम नेगी, टीकम कपिल, गौकरण ध्रुवा, भुनेश्वर नेगी, भरतसाय ध्रुवा, नरेश मांझी, केजुराम नागेश, छबीराम दीवान, भुखनसिंह नेताम, पवनसिंह ठाकुर, गुमान सिंह नेताम, पवन दीवान, सोहनलाल नागेश, प्रताप मरकाम, गोपीराम नेताम, सेवाराम नेताम, मकरम नेताम, बलीराम नागेश, धनसाय नागेश, धनीराम मरकाम, भागीराम मरकाम, सोनूराम ध्रुवा, लोकेश नागेश, शुभाष मरकाम, सोमारु राम नेताम और भानुराम मांझी सहित विभिन्न गांवों के समाजजन उपस्थित रहे।
कार्यक्रम का संचालन सुखराम नागेश, रामेश्वर कपिल और महेन्द्र फरस ने किया। समारोह के माध्यम से सामाजिक एकजुटता, शिक्षा के प्रसार और समुदाय के अधिकारों के प्रति जागरूकता का संदेश दिया गया।





