प्रयास आवासीय विद्यालय में हर साल हो रहा चयन, ग्रामीण प्रतिभाओं ने रचा सफलता का सिलसिला
मैनपुर। ग्रामीण अंचल में सीमित संसाधनों के बीच भी यदि मेहनत, मार्गदर्शन और लगन हो तो प्रतिभाओं को आगे बढ़ने से कोई नहीं रोक सकता। मैनपुर विकासखंड के शासकीय पूर्व माध्यमिक शाला देहारगुड़ा, संकुल केंद्र गिरहोला के विद्यार्थियों ने इसे लगातार साबित किया है। विद्यालय के दो विद्यार्थियों का प्रयास आवासीय विद्यालय के लिए चयन हुआ है। खास बात यह है कि इस विद्यालय से लगातार कई वर्षों से हर साल एक-दो विद्यार्थियों का चयन हो रहा है।
प्रयास आवासीय विद्यालयों में कक्षा 9वीं में प्रवेश के लिए चयन परीक्षा आयोजित की जाती है और चयन मेरिट के आधार पर किया जाता है। वर्ष 2026-27 के लिए भी राज्य स्तर पर प्रवेश परीक्षा आयोजित की गई थी।
2019-20 से शुरू हुआ सफलता का सिलसिला
देहारगुड़ा स्कूल में प्रयास आवासीय विद्यालय में चयन की सफलता का सिलसिला वर्ष 2019-20 में आशीष मारकंडे के चयन से शुरू हुआ। इसके बाद लगातार विद्यार्थियों ने सफलता हासिल की।
- 2020-21: यशोदा दीवान एवं संजना मारकंडे

- 2023-24: गुलेश्वरी एवं हरीश कुमार
- 2024-25: थानेश्वर मरकाम एवं सूरज कुमार
- 2025-26: मुंगेश्वर कुमार एवं अनुराधा साडिल्य
इस वर्ष भी विद्यालय के दो विद्यार्थियों का चयन होना स्कूल की लगातार चल रही शैक्षणिक उपलब्धियों में एक और कड़ी जुड़ना है।
शिक्षकों के मार्गदर्शन से मिल रही सफलता
लगातार विद्यार्थियों के चयन के पीछे विद्यालय की नियमित अध्ययन व्यवस्था, प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी, शिक्षकों का मार्गदर्शन और विद्यार्थियों की मेहनत को महत्वपूर्ण माना जा रहा है। प्रधान पाठक चित्रसेन पटेल के मार्गदर्शन में शिक्षक कांतिलाल साहू, श्रीमती सुरैया टण्वीर और रूपेन्द्र पटेल विद्यार्थियों को नियमित अध्ययन और अभ्यास के लिए प्रेरित करते हैं।
विद्यालय परिवार की ओर से विद्यार्थियों को कक्षा में पढ़ाई के साथ-साथ प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए भी प्रोत्साहित किया जाता है। इसी का परिणाम है कि ग्रामीण क्षेत्र के विद्यार्थी लगातार चयन परीक्षा में अपनी जगह बना रहे हैं।
ग्रामीण प्रतिभाओं के लिए बना प्रेरणा का केंद्र
देहारगुड़ा जैसे ग्रामीण क्षेत्र के विद्यालय से लगातार प्रयास आवासीय विद्यालय में विद्यार्थियों का चयन होना आसपास के विद्यार्थियों और पालकों के लिए भी प्रेरणादायक है। इन सफल विद्यार्थियों ने यह संदेश दिया है कि प्रतियोगी परीक्षाओं में सफलता केवल बड़े शहरों या बड़े स्कूलों तक सीमित नहीं है। नियमित मेहनत और सही मार्गदर्शन के दम पर ग्रामीण विद्यार्थी भी आगे बढ़ सकते हैं।
उपलब्धि पर क्षेत्र में खुशी
विद्यार्थियों के चयन पर जिला शिक्षा अधिकारी राजेश चंद्राकर, डीएमसी सुवेश शुक्ला, विकासखंड शिक्षा अधिकारी डीएन बघेल, बीआरसी शिवकुमार नागे, सरपंच महेश दीवान, संकुल समन्वयक मुकेश ठाकुर, पूर्व सरपंच देवन नेताम, ग्राम पटेल पवन दीवान सहित लीलाधर दीवान, संजय दीवान, गणेश, घनश्याम, जुगलाल, कुशल, कीर्तन तथा पालकों और जनप्रतिनिधियों ने विद्यार्थियों को बधाई दी।
उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों की यह सफलता उनके परिवार के साथ-साथ पूरे गांव और विद्यालय के लिए गौरव की बात है। इससे क्षेत्र के अन्य विद्यार्थियों को भी प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए प्रेरणा मिलेगी।
विद्यालय परिवार ने उम्मीद जताई कि देहारगुड़ा के विद्यार्थी भविष्य में भी विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं में सफलता हासिल कर विद्यालय, परिवार और पूरे क्षेत्र का नाम रोशन करेंगे।




