रायपुर। छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा श्रमिक परिवारों के बच्चों की शिक्षा को बढ़ावा देने के उद्देश्य से नौनिहाल स्कॉलरशिप योजना संचालित की जा रही है। इस योजना का संचालन छत्तीसगढ़ श्रम विभाग द्वारा किया जाता है। योजना का मुख्य उद्देश्य आर्थिक रूप से कमजोर पंजीकृत निर्माण श्रमिकों के बच्चों को शिक्षा जारी रखने के लिए वित्तीय सहायता प्रदान करना है, ताकि आर्थिक तंगी के कारण कोई भी छात्र अपनी पढ़ाई बीच में न छोड़े।
योजना के तहत पात्र विद्यार्थियों को उनकी कक्षा और पाठ्यक्रम के अनुसार प्रतिवर्ष छात्रवृत्ति राशि सीधे उनके बैंक खाते में हस्तांतरित की जाती है। इसके लिए छात्र या अभिभावक का बैंक खाता होना अनिवार्य है।
किसे मिलेगा योजना का लाभ?
इस योजना का लाभ केवल छत्तीसगढ़ के निवासी और पंजीकृत निर्माण श्रमिकों के बच्चों को मिलेगा। योजना के अंतर्गत एक परिवार के अधिकतम दो बच्चों को ही छात्रवृत्ति प्रदान की जाएगी।
सबसे खास बात यह है कि योजना का लाभ लेने के लिए किसी न्यूनतम अंक या विशेष ग्रेड की आवश्यकता नहीं है। यानी छात्र के अंक कम होने पर भी वह इस योजना का लाभ उठा सकता है।
हालांकि, व्यावसायिक, इंजीनियरिंग, मेडिकल या अन्य उच्च शिक्षा पाठ्यक्रमों में प्रवेश लेने वाले विद्यार्थियों को संबंधित कोर्स में कम से कम एक वर्ष तक अध्ययन करना अनिवार्य होगा। यदि छात्र पहले वर्ष में पढ़ाई छोड़ देता है, तो उसे प्राप्त छात्रवृत्ति राशि वापस करनी पड़ सकती है।
छात्रवृत्ति की राशि कितनी मिलेगी?
योजना के तहत छात्र और छात्राओं को अलग-अलग राशि प्रदान की जाती है। बालिकाओं को प्रोत्साहित करने के लिए उन्हें अधिक छात्रवृत्ति दी जाती है।
वार्षिक छात्रवृत्ति राशि
| श्रेणी | छात्र | छात्राएं |
|---|---|---|
| कक्षा 1 से 5 | ₹1,000 | ₹1,500 |
| कक्षा 6 से 8 | ₹1,500 | ₹2,000 |
| कक्षा 9 से 12 | ₹2,000 | ₹3,000 |
| स्नातक (BA, BSc, BCom, ITI, डिप्लोमा) | ₹3,000 | ₹4,000 |
| स्नातकोत्तर (MA, MSc, MCom, PG Diploma) | ₹5,000 | ₹6,000 |
| प्रोफेशनल ग्रेजुएशन कोर्स | ₹6,000 | ₹8,000 |
| पीएचडी एवं प्रोफेशनल पोस्टग्रेजुएट अध्ययन | ₹8,000 | ₹10,000 |
पात्रता की प्रमुख शर्तें
- आवेदक छत्तीसगढ़ का निवासी होना चाहिए।
- लाभार्थी के माता-पिता पंजीकृत निर्माण श्रमिक होने चाहिए।
- आवेदन की तिथि से पूर्व एक वर्ष के भीतर श्रमिक ने कम से कम 90 दिन निर्माण कार्य किया हो।
- परिवार के अधिकतम दो बच्चों को लाभ मिलेगा।
- छात्रवृत्ति के लिए किसी न्यूनतम अंक की अनिवार्यता नहीं है।
आवेदन प्रक्रिया
योजना के लिए आवेदन श्रम कार्यालय के माध्यम से किया जा सकता है। पंजीकृत निर्माण श्रमिक अपने क्षेत्र के श्रम विभाग कार्यालय में आवश्यक दस्तावेज जमा कर आवेदन कर सकते हैं।
शैक्षणिक सत्र प्रारंभ होने की तिथि से लेकर 31 दिसंबर तक आवेदन स्वीकार किए जाते हैं।
आवश्यक दस्तावेज
आवेदन के साथ निम्न दस्तावेजों की स्कैन कॉपी जमा करना आवश्यक है—
- श्रमिक पंजीयन पहचान पत्र
- विद्यार्थी का आधार कार्ड
- विद्यालय/महाविद्यालय के प्राचार्य द्वारा जारी अध्ययन प्रमाण पत्र
- पिछली कक्षा की अंकसूची
- बैंक पासबुक की प्रति
- प्रवेश संबंधी आवश्यक दस्तावेज
योजना का महत्व
आर्थिक रूप से कमजोर श्रमिक परिवारों के बच्चों की शिक्षा जारी रखने में यह योजना महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है। विशेष रूप से ग्रामीण और श्रमिक बहुल क्षेत्रों में यह योजना स्कूल छोड़ने की दर कम करने तथा उच्च शिक्षा को प्रोत्साहित करने में सहायक साबित हो सकती है।
छत्तीसगढ़ नौनिहाल स्कॉलरशिप योजना राज्य के लाखों श्रमिक परिवारों के लिए एक महत्वपूर्ण पहल है। योजना न केवल बच्चों की पढ़ाई का आर्थिक बोझ कम करती है बल्कि उन्हें उच्च शिक्षा प्राप्त करने के लिए भी प्रोत्साहित करती है। पात्र श्रमिक परिवार समय रहते आवेदन कर इस योजना का लाभ उठा सकते हैं।
अधिक जानकारी के लिए श्रम विभाग की official वेबसाइट https://shramevjayate.cg.gov.in/shramik/ पर विजिट करें !





