मन जागृति अभियान के तहत स्वास्थ्य विभाग ने आयोजित किया निःशुल्क जांच एवं उपचार शिविर; नर्सिंग विद्यार्थियों ने पोस्टर और रंगोली के जरिए दिया मानसिक स्वास्थ्य जागरूकता का संदेश
गरियाबंद। विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस के अवसर पर जिला मानसिक स्वास्थ्य कार्यक्रम गरियाबंद के अंतर्गत जिले में मानसिक स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाने के लिए विभिन्न गतिविधियों का आयोजन किया जा रहा है। 10 से 16 अक्टूबर तक चलने वाले जागरूकता सप्ताह के तहत निःशुल्क मानसिक स्वास्थ्य जांच एवं उपचार शिविर, शपथ समारोह, पोस्टर प्रतियोगिता, रंगोली प्रतियोगिता और जनजागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए।
इस वर्ष की थीम “Lived Experiences Heard, Real Voices, Real Change” यानी व्यक्तिगत अनुभवों को सुनना, वास्तविक आवाजों को महत्व देना और वास्तविक बदलाव लाना है। इस अभियान का उद्देश्य मानसिक स्वास्थ्य से जुड़ी समस्याओं के प्रति लोगों को जागरूक करना, प्रभावित व्यक्तियों के अनुभवों को समझना तथा मानसिक स्वास्थ्य सेवाओं के प्रति सकारात्मक दृष्टिकोण विकसित करना है।
राजिम में 23 लोगों की मानसिक स्वास्थ्य जांच
विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस के अवसर पर 10 अक्टूबर 2026 को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र राजिम में मानसिक स्वास्थ्य स्क्रीनिंग एवं निःशुल्क उपचार शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में कुल 23 लोगों की मानसिक स्वास्थ्य संबंधी स्क्रीनिंग की गई। वहीं, फॉलोअप के लिए पहुंचे मरीजों को आवश्यक उपचार और दवाइयां प्रदान की गईं।
स्वास्थ्य विभाग की इस पहल का उद्देश्य मानसिक स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं की समय पर पहचान करना और जरूरतमंद लोगों को उपचार उपलब्ध कराना है, ताकि वे बिना किसी झिझक के स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ ले सकें।
नर्सिंग विद्यार्थियों ने पोस्टर और रंगोली से दिया जागरूकता का संदेश
12 अक्टूबर 2026 को आईटीएस महाविद्यालय, गरियाबंद में जिला मानसिक स्वास्थ्य दल द्वारा नर्सिंग विद्यार्थियों के लिए पोस्टर प्रतियोगिता, रंगोली प्रतियोगिता और शपथ समारोह का आयोजन किया गया। विद्यार्थियों ने रचनात्मक माध्यमों से मानसिक स्वास्थ्य के महत्व और इससे जुड़ी जागरूकता का संदेश दिया। प्रतियोगिताओं में भाग लेने वाले प्रतिभागियों को स्वास्थ्य समिति गरियाबंद की ओर से पुरस्कृत किया गया।
इसी क्रम में जिला स्तरीय दिव्यांगता शिविर में उपस्थित पालकों और दिव्यांगजनों को भी मानसिक स्वास्थ्य के संबंध में जानकारी दी गई। उन्हें जिला चिकित्सालय स्थित स्पर्श क्लिनिक में उपलब्ध सुविधाओं के बारे में बताया गया। जागरूकता के उद्देश्य से पाम्पलेट और मानसिक स्वास्थ्य संबंधी संदेशों से मुद्रित थैले भी वितरित किए गए।
अधिकारियों के निर्देश पर संचालित हो रहीं गतिविधियां
जिले में मानसिक स्वास्थ्य जागरूकता संबंधी ये गतिविधियां मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. यू.एस. नवरत्न के आदेश तथा सिविल सर्जन सह मुख्य अस्पताल अधीक्षक डॉ. वाई.के. ध्रुव, नोडल अधिकारी डॉ. लक्ष्मीकांत जांगड़े, जिला कार्यक्रम प्रबंधक श्री गणपत नायक, हॉस्पिटल सलाहकार डॉ. शंकर पटेल और जिला एनसीडी सलाहकार डॉ. सौरभ मेश्राम के निर्देशानुसार जिला मानसिक स्वास्थ्य दल द्वारा संचालित की जा रही हैं।
इस अभियान के माध्यम से लोगों को यह संदेश दिया जा रहा है कि मानसिक स्वास्थ्य भी शारीरिक स्वास्थ्य जितना ही महत्वपूर्ण है। मानसिक परेशानी होने पर समय पर परामर्श और उपचार लेना जरूरी है। साथ ही, मानसिक स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं से जूझ रहे लोगों के अनुभवों को सुनना, उन्हें समझना और सहयोग देना समाज में सकारात्मक बदलाव लाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।
जिला मानसिक स्वास्थ्य कार्यक्रम, गरियाबंद




