मैनपुर: गरियाबंद जिले के मैनपुर स्थित शासकीय हायर सेकेंडरी स्कूल में आयोजित ‘जिला स्तरीय शाला प्रवेशोत्सव’ का आयोजन विवादों और अपनों की ही नाराजगी की भेंट चढ़ गया। कार्यक्रम को भव्य बनाने का दावा किया गया था, लेकिन मंच की खाली कुर्सियां और भाजपा कार्यकर्ताओं का विरोध इस आयोजन की पूरी कहानी बयां कर रहे थे।
खाली रहा मंच, अंत में पहुंचे कई दिग्गज कार्यक्रम की शुरुआत में मंच पर केवल जिला कलेक्टर, महासमुंद सांसद श्रीमती रूपकुमारी चौधरी, बिन्द्रानवागढ़ विधायक श्री जनक ध्रुव और भाजपा जिलाध्यक्ष श्री अनिल चंद्राकर ही नजर आए। कार्यक्रम का अधिकांश समय खाली कुर्सियों के साथ बीता। हालांकि, कार्यक्रम के अंतिम क्षणों में दिग्गज भाजपा नेता श्री गौरीशंकर कश्यप, श्री गोवर्धन मांझी और श्री गुरुनारायण तिवारी पहुंचे, जिनका मंच से स्वागत और सत्कार किया गया।

जनप्रतिनिधियों की गैरमौजूदगी और निमंत्रण में भारी चूक जिला प्रशासन गरियाबंद की व्यवस्थाओं पर तब बड़े सवाल खड़े हो गए जब आमंत्रण के बावजूद कई प्रमुख जनप्रतिनिधि कार्यक्रम से नदारद रहे।
भाजपा मंडल अध्यक्ष संतोष यादव और जनपद पंचायत अध्यक्ष मोहना नेताम कार्यक्रम में नहीं पहुंचे।
क्षेत्र के जिला पंचायत सदस्यों ने भी इस जिला स्तरीय कार्यक्रम से दूरी बनाए रखी।
सबसे बड़ी प्रशासनिक चूक यह रही कि जिस शासकीय हायर सेकेंडरी स्कूल मैनपुर में यह आयोजन हो रहा था, वहां के शाला विकास समिति के अध्यक्ष को न तो निमंत्रण दिया गया और न ही आमंत्रण पत्र में उनका नाम दर्ज किया गया।
समय पर पहुंचीं सांसद, फिर भी कार्यकर्ताओं ने किया मंच का बहिष्कार सांसद श्रीमती रूपकुमारी चौधरी आमंत्रण पत्र के निर्धारित समय सुबह 11 बजे ही मैनपुर पहुंच गई थीं, इसके बावजूद स्थानीय भाजपा कार्यकर्ताओं में भारी नाराजगी देखी गई। निमंत्रण में हुई उपेक्षा और स्थानीय स्तर पर सांसद व भाजपा मंडल जिला अध्यक्ष के बीच का विरोधाभास खुलकर सामने आ गया। इसी नाराजगी के चलते अधिकांश भाजपा कार्यकर्ताओं ने कार्यक्रम स्थल पर पहुंचकर भी मंच का बहिष्कार किया और वे मंच तक नहीं गए। वही योगीराज माखन कश्यप जनपद सदस्य एवं प्रवक्ता भाजपा जिला गरियाबंद मंच तक पहुंचने में वंचित रहे।
विश्राम गृह में इंतजार करते रहे कार्यकर्ता, सांसद के न मिलने से भड़का गुस्सा कार्यकर्ताओं की नाराजगी का चरम तब देखने को मिला जब शाला प्रवेशोत्सव कार्यक्रम समाप्त हो गया। कार्यक्रम के बाद स्थानीय भाजपा कार्यकर्ता अपनी बात रखने और मुलाकात के लिए लोक निर्माण विभाग (PWD) के विश्राम गृह में लंबे समय तक इंतजार करते रहे।
लेकिन, सांसद श्रीमती रूपकुमारी चौधरी द्वारा कार्यकर्ताओं से बिना मुलाकात किए ही चले जाने से स्थिति और बिगड़ गई। अपनों की इस उपेक्षा और बिना मिले लौट जाने से भाजपा कार्यकर्ताओं ने भारी नाराजगी जताई है। इस घटनाक्रम ने क्षेत्र में पार्टी के भीतर चल रही गुटबाजी और समन्वय की कमी को भी उजागर कर दिया है।
अब देखना यह होगा कि इस भारी असंतोष और विरोध के बाद पार्टी का शीर्ष नेतृत्व और प्रशासन क्या कदम उठाता है।





