गरियाबंद। जिले की प्रभारी सचिव एवं नगरीय प्रशासन तथा विकास विभाग की सचिव श्रीमती आर. संगीता ने शुक्रवार को गरियाबंद नगर पालिका क्षेत्र में संचालित विभिन्न विकास कार्यों का औचक निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने स्वच्छता प्रबंधन, प्रधानमंत्री आवास योजना, तालाब सौंदर्यीकरण तथा ईको पार्क के विकास कार्यों का अवलोकन करते हुए अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान प्रभारी सचिव सबसे पहले वार्ड क्रमांक 07 स्थित एमआरएफ सेंटर पहुंचीं, जहां उन्होंने स्वच्छता दीदियों से ठोस एवं तरल अपशिष्ट प्रबंधन, कचरा संग्रहण तथा कचरे के पृथक्करण की प्रक्रिया की जानकारी ली। स्वच्छता दीदियों द्वारा 110 प्रकार के कचरे का अलग-अलग वर्गीकरण किए जाने की जानकारी पर उन्होंने उनकी सराहना की। उन्होंने कार्य के दौरान स्वास्थ्य सुरक्षा को प्राथमिकता देने पर जोर देते हुए मास्क, दस्ताने, जैकेट, जूते सहित सभी सुरक्षा उपकरणों का नियमित उपयोग सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
श्रीमती संगीता ने स्व सहायता समूह की महिलाओं को प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना के माध्यम से ऋण लेकर स्वरोजगार को बढ़ावा देने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि नागरिकों को डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण व्यवस्था के साथ स्वच्छता के प्रति जागरूक करना आवश्यक है। स्वच्छता केवल अभियान नहीं बल्कि दैनिक जीवन की आदत बननी चाहिए, तभी शहर स्वच्छ और सुंदर बन सकेगा।
उन्होंने बताया कि हाल ही में नई दिल्ली में आयोजित राष्ट्रीय सम्मेलन में छत्तीसगढ़ की 10 हजार से अधिक महिलाओं द्वारा वर्षभर किए गए कचरा संग्रहण और पृथक्करण कार्यों की राष्ट्रीय स्तर पर सराहना की गई है, जो राज्य के लिए गर्व की बात है।
इसके बाद प्रभारी सचिव ने वार्ड क्रमांक 08 में श्रीमती केशरी नागेश के प्रधानमंत्री आवास का निरीक्षण किया और निर्माण कार्य को निर्धारित समय सीमा में पूर्ण करने के निर्देश दिए, ताकि हितग्राही को बारिश से पहले आवास का लाभ मिल सके।
वार्ड क्रमांक 04 स्थित नए तालाब के सौंदर्यीकरण कार्य का अवलोकन करते हुए उन्होंने साफ-सफाई, पिचिंग तथा गहरीकरण कार्य को गुणवत्ता के साथ पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि तालाबों का संरक्षण और संवर्धन जल संरक्षण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है, जिससे नागरिकों को पर्याप्त जल उपलब्धता सुनिश्चित की जा सकेगी।
निरीक्षण के दौरान उन्होंने ईको पार्क का भी भ्रमण किया। यहां पौधों की सुरक्षा, सिंचाई व्यवस्था तथा लगाए गए लगभग 300 पौधों की देखरेख की जानकारी ली। साथ ही विकसित किए जा रहे ‘वुमन्स फार ट्री’ आकर्षण की प्रगति का अवलोकन किया। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि ईको पार्क को पर्यावरण संरक्षण के साथ-साथ नागरिकों के लिए एक आकर्षक और मनोरंजक स्थल के रूप में विकसित किया जाए।
इस अवसर पर जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री प्रखर चंद्राकर, अपर संचालक श्री पुलक भट्टाचार्य, अतिरिक्त मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री शशांक पाण्डेय, संयुक्त संचालक श्री एस.के. सुंदरानी तथा नगर पालिका की मुख्य नगर पालिका अधिकारी श्रीमती संध्या वर्मा सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।



