गरियाबंद। जिले में सड़क एवं यात्री सुरक्षा को लेकर परिवहन विभाग और पुलिस प्रशासन ने संयुक्त रूप से बसों का आकस्मिक निरीक्षण अभियान चलाया। इस दौरान कुल 10 यात्री बसों की जांच की गई, जिसमें कई वाहनों में सुरक्षा संबंधी गंभीर अनियमितताएं सामने आईं।
निरीक्षण के दौरान 6 बसों में इमरजेंसी एग्जिट के सामने अतिरिक्त सीटें लगी हुई पाई गईं। अधिकारियों ने बताया कि ऐसी स्थिति में दुर्घटना या आपातकाल के समय यात्रियों की सुरक्षित निकासी बाधित हो सकती है। इसके अलावा कुछ बसों में इमरजेंसी एग्जिट जाम पाए गए, जिन्हें तत्काल दुरुस्त करने के निर्देश दिए गए।
जांच के दौरान एक यात्री बस बिना वैध परमिट, फिटनेस प्रमाणपत्र और बीमा दस्तावेजों के संचालित होती मिली। नियमों के गंभीर उल्लंघन को देखते हुए संबंधित बस को जब्त कर गरियाबंद थाना के सुपुर्द कर दिया गया। वाहन संचालक को आवश्यक दस्तावेज प्रस्तुत करने एवं प्रकरण के निराकरण के लिए सात दिनों का समय दिया गया है।
जिला परिवहन अधिकारी सुश्री युगेश्वरी वर्मा ने कहा कि यात्री सुरक्षा से जुड़े मानकों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने सभी बस संचालकों को निर्धारित नियमों का कड़ाई से पालन करने तथा वाहनों में उपलब्ध सुरक्षा उपकरणों को हमेशा सुचारु स्थिति में रखने के निर्देश दिए।
अधिकारियों ने बताया कि यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए ऐसे निरीक्षण अभियान आगे भी जारी रहेंगे। इस कार्रवाई के दौरान परिवहन विभाग एवं पुलिस विभाग के अधिकारी-कर्मचारी मौजूद रहे।
जिला प्रशासन ने आम नागरिकों से भी अपील की है कि यात्रा के दौरान किसी भी प्रकार की सुरक्षा संबंधी कमी दिखाई देने पर इसकी सूचना संबंधित विभाग को दें, ताकि समय रहते आवश्यक कार्रवाई की जा सके।





