राधे पटेल/ गरियाबंद महिला आरक्षण बनाम परिसीमन बिल पर गरियाबंद में सियासी घमासान तेज
गरियाबंद। जिले में महिला आरक्षण और परिसीमन बिल को लेकर सियासत गरमा गई है। भारतीय जनता पार्टी द्वारा नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी का पुतला दहन किए जाने के विरोध में कांग्रेस ने भी जोरदार पलटवार किया। प्रदेश अध्यक्ष दीपक बैज के निर्देश और जिला अध्यक्ष सुखचंद बेसरा के मार्गदर्शन में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने जिला मुख्यालय सहित सभी ब्लॉकों में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का पुतला फूंककर विरोध दर्ज कराया।

मिली जानकारी के अनुसार, संसद में महिला आरक्षण बिल और परिसीमन से जुड़े मुद्दों पर हुए घटनाक्रम के बाद भाजपा ने आक्रोश जताते हुए राहुल गांधी का पुतला दहन किया था। भाजपा के इस कदम को कांग्रेस ने लोकतंत्र और विपक्ष की आवाज को दबाने की कोशिश बताया।
BJP समर्थकों ने राहुल गांधी का किया पुतला दहन
इसी के जवाब में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने एकजुट होकर गरियाबंद जिला मुख्यालय के तिरंगा चौक सहित मैनपुर, छुरा, अमलीपदर और देवभोग समेत सभी ब्लॉकों में प्रदर्शन करते हुए प्रधानमंत्री का पुतला दहन किया। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने भाजपा सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और इसे जनता के असल मुद्दों से ध्यान भटकाने की साजिश बताया।
कार्यक्रम के दौरान जिला कांग्रेस अध्यक्ष सुखचंद बेसरा ने कहा कि भाजपा महिला आरक्षण के नाम पर राजनीति कर रही है, जबकि असल मुद्दों से ध्यान हटाकर परिसीमन जैसे विषयों को आगे बढ़ाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस हमेशा महिलाओं के अधिकार और लोकतंत्र की मजबूती के लिए संघर्ष करती रही है और आगे भी करती रहेगी।
उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि भाजपा इसी तरह के कदम उठाती रही, तो कांग्रेस और उग्र आंदोलन करने से पीछे नहीं हटेगी। पूरे प्रदर्शन के दौरान माहौल गर्म रहा, हालांकि पुलिस की मौजूदगी में स्थिति नियंत्रण में रही।
इस घटनाक्रम के बाद जिले में राजनीतिक माहौल और अधिक गरमा गया है। आने वाले दिनों में इस मुद्दे पर और तीखी बयानबाजी और विरोध प्रदर्शन देखने को मिल सकते हैं।
कार्यक्रम में शामिल प्रमुख नेता
इस विरोध प्रदर्शन में जिला कांग्रेस अध्यक्ष सुखचंद बेसरा, कुंजल राम यादव, सोदर कश्यप, अमित मोरी, प्रेम सोनवानी, सविता गिरी, रमेश मेश्राम, डिलेश्वर देवांगन, संदीप सरकार, परमजीत कौर, योगेश्वरी साहू, शीला तांडी, ममता फुलझले, सुमंत देवांगन, हिमकला साहू, गुरनुर कौर, भानु सिन्हा, कादर हिंगोरा, नादिर कुरैशी, ऐश्वर्या यदु, नंदू गोश्वामी सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ता मौजूद रहे।


