मैनपुर । राष्ट्रीय गीत वंदे मातरम के 150वीं वर्षगांठ पूरी होने पर नवीन शासकीय महाविद्यालय मैंनपुर में वंदे मातरम राष्ट्रीय गीत के सामूहिक गान का आयोजन किया गया जिसमें मुख्य अतिथि महाविद्यालय के जन भागीदारी के अध्यक्ष योगेश शर्मा ने छात्र-छात्राओं को संबोधित करते हुए कहा कि
वंदेमातरम केवल एक गीत नहीं, बल्कि यह भारत माता के प्रति प्रेम, श्रद्धा और समर्पण की भावना का प्रतीक है।

यह गीत हमारे देश की प्राकृतिक सुंदरता, उसकी संस्कृति और उसकी महानता का गुणगान करता है। जब यह गीत गाया जाता है, तो हर भारतीय के हृदय में देशभक्ति की भावना जागृत हो जाती है।
स्वतंत्रता संग्राम के दौरान वंदे मातरम क्रांतिकारियों की प्रेरणा बना। इसी गीत को गाते हुए हमारे वीर स्वतंत्रता सेनानियों ने अपने प्राणों की आहुति दी। यह गीत हमें एकता, साहस और बलिदान का संदेश देता है।
महाविद्यालय के प्राचार्य बी के प्रसाद ने कहा कि
आज भी जब हम इस गीत को गाते हैं , तो हमें अपने देश के प्रति अपने कर्तव्यों की याद आती है। हमें यह संकल्प लेना चाहिए कि हम ईमानदारी, परिश्रम और देशसेवा के माध्यम से भारत को प्रगति की राह पर आगे ले जाएँगे इस अवसर पर अध्यक्ष योगेश शर्मा प्राचार्य बीके प्रसाद मोहम्मद यूनुस मेमन श्रीमती सरिता ठाकुर महेंद्र सोनी श्रीमती नंदनी नेताम मैनपुर सरपंच श्रीमती हनीता नायक प्रोफेसर सनबरसन साहू यशवंत बघेल श्रीमती माधुरी साहू सहित महाविद्यालय के सभी स्टाफ भाटीगढ़ महाविद्यालय एवं पूर्व माध्यमिक शाला भाटीगढ़ के छात्र-छात्राएं उपस्थित थे ।


