छत्तीसगढ़ के गरियाबंद जिले में नशे के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। छुरा थाना क्षेत्र में एक व्यक्ति द्वारा अपने ही घर की बाड़ी में गांजा छुपाकर अवैध कारोबार करने का मामला सामने आया है। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए आरोपी को रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया।

मुखबिर की सूचना से खुला राज
पुलिस को 25 मार्च 2026 को मुखबिर के जरिए सूचना मिली कि ग्राम गादीकोट निवासी एक व्यक्ति अपने घर के परिसर में अवैध रूप से गांजा छिपाकर बेच रहा है। सूचना मिलते ही थाना प्रभारी ने टीम गठित कर मौके पर रेड कार्रवाई की।
घर की बाड़ी से बरामद हुआ गांजा
रेड के दौरान पुलिस ने आरोपी थनेश्वर ध्रुव (32 वर्ष) के घर की बाड़ी से 1 किलो 500 ग्राम गांजा बरामद किया, जिसकी कीमत लगभग 75,000 रुपये बताई जा रही है। आरोपी लंबे समय से इस अवैध धंधे में लिप्त था और इससे आर्थिक लाभ कमा रहा था।
NDPS एक्ट के तहत कार्रवाई
जांच में आरोपी का कृत्य NDPS एक्ट की धारा 20(ख) के तहत अपराध पाया गया। पर्याप्त साक्ष्य मिलने पर पुलिस ने उसे विधिवत गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया है।
जब्त सामग्री का विवरण
पुलिस ने कार्रवाई के दौरान आरोपी से निम्नलिखित सामान जब्त किया:
- 1.5 किलो अवैध गांजा (कीमत: ₹75,000)
- एक एंड्रॉयड मोबाइल (₹2,000)
- एक स्प्लेंडर मोटरसाइकिल (CG 04 LV 7191, कीमत: ₹10,000)
कुल जब्ती मूल्य: ₹87,000
पुलिस का सख्त संदेश
गरियाबंद के पुलिस कप्तान वेदव्रत सिरमौर ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि जिले में अवैध गांजा, शराब और अन्य नशीले पदार्थों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। उन्होंने कहा कि इस तरह के अपराधों में शामिल किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा।
बढ़ता नशे का खतरा
यह मामला एक बार फिर यह दर्शाता है कि छोटे गांवों में भी नशे का जाल फैलता जा रहा है। घर जैसी सुरक्षित जगहों का इस्तेमाल अवैध कारोबार के लिए होना समाज के लिए गंभीर चिंता का विषय है।
निष्कर्ष:
गरियाबंद पुलिस की इस कार्रवाई ने साफ कर दिया है कि कानून के शिकंजे से बच पाना आसान नहीं है। लगातार हो रही सख्ती से नशा तस्करों में हड़कंप मचा हुआ है और आने वाले दिनों में ऐसे मामलों में और भी बड़ी कार्रवाई देखने को मिल सकती है।

