रायपुर: छत्तीसगढ़ में ‘महतारी वंदन योजना’ का लाभ ले रही महिलाओं के लिए महिला एवं बाल विकास विभाग ने एक बेहद महत्वपूर्ण सूचना जारी की है। अगर आप भी इस योजना की लाभार्थी हैं, तो यह खबर आपके लिए बहुत जरूरी है। योजना का लाभ आगे भी बिना किसी रुकावट के खाते में प्राप्त करने के लिए सभी हितग्राहियों को e-KYC करवाना अनिवार्य कर दिया गया है। विभाग के अनुसार, e-KYC की यह प्रक्रिया 3 अप्रैल 2026 से पूरे प्रदेश में शुरू होने जा रही है।

कहाँ होगा e-KYC?
विभाग द्वारा जारी दिशा-निर्देशों के मुताबिक, महिलाओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों के लिए अलग-अलग व्यवस्था की गई है:
ग्रामीण क्षेत्रों में: गांव की महिलाएं अपने ग्राम पंचायत भवन में जाकर e-KYC की प्रक्रिया पूरी कर सकेंगी।
शहरी क्षेत्रों में: शहरों में रहने वाली महिलाओं के लिए यह सुविधा उनके वार्ड कार्यालय में उपलब्ध होगी।
अधिकारियों ने सभी हितग्राहियों से अपील की है कि वे निर्धारित स्थान पर पहुंचकर समय पर अपनी e-KYC प्रक्रिया पूर्ण करा लें।
सबसे जरूरी नियम: आधार और योजना में नाम होना चाहिए बिल्कुल समान
इस पूरी प्रक्रिया में सबसे अहम बात यह है कि आपका e-KYC तभी सफलतापूर्वक पूरा हो पाएगा, जब महतारी वंदन योजना में पंजीकृत आपका नाम और आपके आधार कार्ड (Aadhaar Card) में दर्ज नाम बिल्कुल एक जैसा (मैच) हो। नाम में, सरनेम में या स्पेलिंग में किसी भी प्रकार का अंतर होने पर e-KYC की प्रक्रिया पूरी नहीं हो सकेगी और आपका फॉर्म रिजेक्ट हो सकता है।
नाम में गलती होने पर क्या करें?
विभाग ने सभी हितग्राहियों को यह सलाह दी है कि e-KYC करवाने जाने से पहले वे अपनी नजदीकी आंगनवाड़ी कार्यकर्ता से संपर्क करें। उनसे मिलकर यह सुनिश्चित कर लें कि योजना के रिकॉर्ड में आपका नाम और आधार कार्ड का नाम मेल खा रहा है या नहीं। यदि नाम में कोई त्रुटि (गलती) पाई जाती है, तो घबराने की जरूरत नहीं है। इसे सुधारने के लिए हितग्राही को अपने जिले के महिला एवं बाल विकास विभाग कार्यालय में जाकर एक सुधार आवेदन प्रस्तुत करना होगा।
विभाग ने स्पष्ट किया है कि सभी हितग्राही समय रहते ये आवश्यक कार्रवाई पूरी कर लें, ताकि महतारी वंदन योजना की राशि निर्बाध रूप से उनके बैंक खातों में आती रहे।

