एक साल में 31 नक्सली ढेर हुए, 31 ने हथियार डाले
गरियाबंद एसपी ने 2025 की उपलब्धियां गिनाते हुए कहा कि सालभर में 25 बदमाशों को जिलाबदर भी किया गया

गरियाबंद । वर्ष 2025 में गरियाबंद पुलिस को नक्सल विरोधी अभियान, अपराध नियंत्रण, नशा मुक्ति, साइबर अपराध और यातायात सुरक्षा के क्षेत्र में उल्लेखनीय सफलता हासिल की है। गुरुवार को आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में पुलिस अधीक्षक वेदव्रत सिरमौर ने सालभर की प्रमुख उपलब्धियों की जानकारी दी। इस मौके पर एसपी जितेंद्र चंद्राकर, धीरेंद्र पटेल और एसडीओपी निशा सिन्हा भी मौजूद रहे। एसपी सिरमौर ने बताया कि नक्सल विरोधी अभियान के तहत वर्ष 2025 में जिला बल और अर्द्धसैनिक बलों की संयुक्त कार्रवाई में 7 शीर्ष नक्सली नेताओं सहित कुल 31 नक्सली ढेर किए गए। इनमें 28 नक्सली गरियाबंद जिले में और 3 अन्य जिलों में मारे गए। अभियान के दौरान जंगल क्षेत्रों से 49 नग विभिन्न प्रकार के हथियार और राइफल भी बरामद की गई। वही सरकार की पुनर्वास नीति के तहत वर्ष 2025 में 31 नक्सलियों ने 10 हथियारों के साथ आत्मसमर्पण किया। आत्मसमर्पित नक्सलियों में से 5 को जिला बल में आरक्षक पद पर नियुक्त किया गया है, जबकि अन्य को प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना के तहत प्रशिक्षण दिया जा रहा है। सभी को आवास, स्वास्थ्य और स्वरोजगार की सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। एसपी ने बताया कि अपराध नियंत्रण को लेकर वर्ष 2025 में सख्त कार्रवाई की गई। चोरी, लूट, मारपीट, अवैध शराब, जुआ-सट्टा और नशीले पदार्थों के मामलों में लगातार अभियान चलाए गए। इस दरम्यान 25 मामलों में जिलाबदर की कार्रवाई की गई।
1 करोड़ का गांजा पकड़ा
नशा सवेरा अभियान के 48 प्रकरणों में करीब एक करोड़ रुपए कीमत का 790.644 किलोग्राम गांजा जब्त किया गया। नशीली दवाओं के 6 मामलों में 13 आरोपियों से 1778 टैबलेट और 6 इंजेक्शन, जबकि एक मामले में 9 ग्राम हेरोइन बरामद की गई। अवैध शराब के 641 प्रकरणों में 658 आरोपियों पर कार्रवाई करते हुए 5060.475 बल्क लीटर देशी-विदेशी एवं कच्ची महुआ शराब जप्त की गई। साथ ही 40 मोटरसाइकिल और 2 चारपहिया वाहन भी जब्त किए गए। यातायात सुरक्षा को लेकर 6392 प्रकरणों में 39 लाख 14 हजार 900 रुपए का समन शुल्क वसूला गया।

